संजीव अरोड़ा की बढ़ी मुश्किलें, गुरुग्राम कोर्ट ने जमानत याचिका खारिज की
बठिंडा पुलिस ने देश की सुरक्षा से जुड़े एक संवेदनशील मामले में दो लोगों को गिरफ्तार किया है। आरोप है कि बठिंडा-गंगानगर रोड पर गैर-कानूनी तरीके से खुफिया कैमरे लगाए गए थे, जिनके जरिए सुरक्षा एजेंसियों और सेना की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही थी। पुलिस को आशंका है कि इन कैमरों से एकत्रित किया गया डेटा पाकिस्तान में कुछ व्यक्तियों तक पहुंचाया जा रहा था।
शुरुआती जांच में सामने आए पाकिस्तान से कथित संबंध
पुलिस की प्रारंभिक जांच में गिरफ्तार आरोपियों के पाकिस्तान में मौजूद कुछ लोगों से संबंध होने की बात सामने आई है। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि अब तक आरोपियों और उन व्यक्तियों के बीच किसी प्रत्यक्ष बातचीत के प्रमाण नहीं मिले हैं। मामले की गहन जांच जारी है और पुलिस को उम्मीद है कि आगे और खुलासे हो सकते हैं।
नियमित चेकिंग के दौरान मिला सुराग
एसपी सिटी नरिंदर सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि बठिंडा-गंगानगर रोड पर नियमित चेकिंग के दौरान पुलिस को एक मुखबिर से अहम सूचना मिली थी। इसके बाद अंबुजा सीमेंट फैक्ट्री के नजदीक एक सरकारी बिजली के खंभे पर सोलर-पावर्ड कैमरा लगा हुआ मिला। जांच में पता चला कि कैमरे में एक सक्रिय सिम कार्ड भी लगा हुआ था।
सुरक्षा एजेंसियों की गतिविधियों पर रखी जा रही थी नजर
पुलिस के अनुसार, कैमरे का इस्तेमाल पुलिस, सुरक्षा बलों और सेना की गतिविधियों की निगरानी के लिए किया जा रहा था। अधिकारियों का मानना है कि ऐसी गतिविधियां देश की सुरक्षा के लिए गंभीर खतरा पैदा कर सकती हैं। मामले को गंभीरता से लेते हुए विभिन्न धाराओं के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई।
तकनीकी जांच से आरोपियों तक पहुंची पुलिस
बठिंडा पुलिस और काउंटर इंटेलिजेंस टीमों ने संयुक्त अभियान चलाकर मामले की जांच को आगे बढ़ाया। तकनीकी और मानव खुफिया जानकारी के आधार पर जिला अमृतसर के थाना अजनाला क्षेत्र के गांव सराय निवासी अशोक कुमार की पहचान की गई और उसे गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ के दौरान मिले इनपुट के आधार पर उसी गांव के आकाशदीप सिंह को भी हिरासत में लिया गया।
Comments & Discussions
Be the first to comment on this article!