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पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच जारी 'ओपन वॉर' ने वीरवार रात एक नया और घातक मोड़ ले लिया। पाकिस्तानी वायुसेना ने अफगानिस्तान की राजधानी काबुल सहित कई इलाकों में ताबड़तोड़ हवाई हमले किए।
काबुल पुलिस और अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रिहायशी घरों पर हुई इस बमबारी में 4 बेगुनाह नागरिकों की जान चली गई, जबकि 15 लोग गंभीर रूप से घायल हुए हैं। हताहतों में महिलाएं और मासूम बच्चे भी शामिल हैं। धमाके इतने जोरदार थे कि कई घर पूरी तरह मलबे में तब्दील हो गए, जिससे इलाके में दहशत का माहौल है।
UN को फ्यूल सप्लाई करने वाले डिपो को बनाया निशाना
तालिबान सरकार के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने इस हमले की कड़ी निंदा करते हुए चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। मुजाहिद के अनुसार, पाकिस्तान ने दक्षिणी प्रांत कंधार में प्राइवेट एयरलाइन 'काम एयर' (Kam Air) के फ्यूल डिपो को निशाना बनाया है। यह डिपो न केवल नागरिक उड़ानों के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि यहीं से संयुक्त राष्ट्र (UN) के विमानों को भी ईंधन की सप्लाई की जाती है। तालिबान ने इस कार्रवाई को अंतरराष्ट्रीय नियमों का उल्लंघन बताते हुए चेतावनी दी है कि इस दुस्साहस का करारा जवाब दिया जाएगा।
पाकिस्तान का दावा: TTP के ठिकानों पर 'सटीक' प्रहार
दूसरी ओर, पाकिस्तानी सुरक्षा अधिकारियों ने इस सैन्य कार्रवाई को जायज ठहराया है। उनका दावा है कि यह हवाई हमला प्रतिबंधित आतंकी संगठन तहरीक-ए-तालिबान पाकिस्तान (TTP) के उन ठिकानों पर किया गया है, जहाँ से पाकिस्तान में आतंकी हमलों की साजिश रची जा रही थी। पाकिस्तान का कहना है कि हाल के महीनों में देश के भीतर बढ़े आतंकी हमलों के बाद उसकी सब्र का बांध टूट गया है और वह अपनी सुरक्षा के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार है।
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