3 जुलाई से शुरू होगी श्री अमरनाथ यात्रा, सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर, तैयारियों की समीक्षा तेज
पंजाब में 12वीं कक्षा की छात्रा की आत्महत्या के मामले में शिक्षामंत्री हरजोत बैंस ने सख्त रुख अपनाया है। मामले में आत्महत्या के लिए उकसाने का केस दर्ज कर लिया गया है, जबकि स्कूल प्रबंधन की भूमिका की भी गहन जांच शुरू कर दी गई है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि जांच के दौरान सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
दोषियों को नहीं मिलेगी राहत
शिक्षामंत्री हरजोत बैंस ने कहा कि मामले की निष्पक्ष और पारदर्शी जांच सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि छात्रा को न्याय दिलाना सरकार की प्राथमिकता है और जो भी व्यक्ति या संस्था इस मामले में दोषी पाई गई, उसके खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कदम उठाए जाएंगे। पुलिस अधिकारियों को भी मामले की गंभीरता से जांच करने के निर्देश दिए गए हैं।
फीस के दबाव के बीच उठाया था आत्मघाती कदम
जानकारी के अनुसार, Amjot Kaur (17) अमृतसर की रहने वाली थी और 12वीं कक्षा में पढ़ाई कर रही थी। उसने 22 मई को जहरीला पदार्थ निगल लिया था। तबीयत बिगड़ने पर उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उपचार के दौरान 30 मई को उसकी मौत हो गई।
वीडियो में लगाए थे गंभीर आरोप
इलाज के दौरान छात्रा ने एक वीडियो रिकॉर्ड किया था, जिसमें उसने स्कूल प्रबंधन पर मानसिक रूप से प्रताड़ित करने के आरोप लगाए थे। बताया जा रहा है कि स्कूल की लगभग 20 हजार रुपये फीस बकाया थी, जिसे लेकर छात्रा पर लगातार दबाव बनाया जा रहा था।
परिजनों के अनुसार, छात्रा की मौसी ने स्कूल प्रशासन से फीस किस्तों में जमा कराने की अनुमति मांगी थी, लेकिन इसके बावजूद फीस को लेकर दबाव कम नहीं हुआ। आरोप है कि इसी मानसिक तनाव के कारण छात्रा ने यह कदम उठाया। अब पुलिस और शिक्षा विभाग पूरे मामले की जांच कर रहे हैं।
Comments & Discussions
Be the first to comment on this article!